छुरिया। खुज्जी वन परिक्षेत्र अंतर्गत ग्राम बेलरगोंदी में सोमवार शाम वन विभाग की दबिश ने अवैध लकड़ी कारोबार की परतें खोल दीं। गुप्त सूचना के आधार पर संतोष वर्मा के निजी खेत में की गई कार्रवाई के दौरान धान के पैरा के भीतर छिपाकर रखी गई सागौन की 35 नग बेशकीमती लकड़ी बरामद कर जप्त की गई।
कार्रवाई के दौरान कोटवार के माध्यम से सूचना दिए जाने के बावजूद खेत मालिक संतोष वर्मा मौके पर नहीं पहुंचे। उन्होंने पंचनामा, बयान और हस्ताक्षर देने से साफ इनकार कर दिया, जिससे पूरे मामले में उनकी भूमिका संदेह के घेरे में आ गई है।
इसी दौरान खेत के बाहर सड़क किनारे इमारती लकड़ी खुलेआम रखी मिली। वन विभाग ने इसकी सूचना तत्काल राजस्व विभाग को दी, लेकिन राजस्व अमला मौके पर नहीं पहुंचा, जिससे सड़क किनारे रखी लकड़ी पर कोई कार्रवाई नहीं हो सकी। वहीं, सागौन लकड़ी पर वन विभाग ने कार्रवाई करते हुए उसे जप्त कर अपने साथ ले गया।
पूरे मामले में आकाश सिंह ठाकुर, सहायक वन संरक्षक (प्रशिक्षु) एवं प्रभारी वन परिक्षेत्र अधिकारी खुज्जी अपनी टीम के साथ मौके पर मौजूद रहे और सख्ती के साथ कार्रवाई को अंजाम दिया।
अब बड़ा सवाल यही है कि अवैध सागौन का स्रोत क्या है? और इसके पीछे कौन-कौन शामिल हैं। इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में हड़कंप है और आने वाले दिनों में इस मामले में और बड़े खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।
