रायगढ़-शहर के भीड़भाड़ वाले क्षेत्र में शनिवार दोपहर हुई एक बड़ी उठाईगिरी की वारदात ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। केवड़ाबाड़ी बस स्टैण्ड के पास एसबीआई की मुख्य शाखा से पैसे निकालकर वापस लौट रहे एक व्यवसायी के स्कूटी की डिक्की से अज्ञात बदमाशों ने दिनदहाड़े ढाई लाख रुपए पार कर दिए। वारदात को अंजाम देने वाले बदमाशों का कोई सुराग अब तक पुलिस के हाथ नहीं लगा है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, श्रीराम ड्राई फ्रूट्स दुकान के संचालक अजय राठौर शनिवार को एसबीआई मुख्य शाखा से ₹2.5 लाख निकालकर स्कूटी की डिक्की में रखकर अपनी दुकान वापस लौट रहे थे। इसी दौरान जब वह पुराने शनि मंदिर रोड से गुजर रहे थे, तभी बाइक सवार दो अज्ञात बदमाश उनके पास पहुंचे और उनकी गर्दन पर खुजली वाला पाउडर डाल दिया। अचानक हुई इस हरकत से घबराए राठौर पास की एक कपड़ा दुकान में पाउडर साफ करने लगे।
इसी बीच मौके का फायदा उठाते हुए बदमाशों ने उनकी स्कूटी की डिक्की खोली और उसमें रखे ढाई लाख रुपए निकालकर फरार हो गए। पाउडर की जलन से परेशान राठौर को पहले कुछ समझ नहीं आया, लेकिन बाद में डिक्की चेक करने पर रकम गायब मिली, जिसके बाद उन्होंने तुरंत पुलिस को सूचना दी।
घटना स्थल के पास स्थित एक दुकान में लगे सीसीटीवी कैमरे ने इस वारदात को कैद कर लिया। फुटेज में बाइक सवार दो युवक स्कूटी की डिक्की से रकम निकालते हुए स्पष्ट दिखाई दे रहे हैं। फुटेज के आधार पर पुलिस ने आरोपियों की तलाश तेज कर दी है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी ने तीन विशेष टीमों का गठन किया है, जिन्हें बदमाशों की खोजबीन का जिम्मा सौंपा गया है। पुलिस शहर के विभिन्न स्थानों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की जांच कर रही है और संदिग्ध व्यक्तियों की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है। हालांकि, घटना के कई दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस को अब तक कोई ठोस सुराग नहीं मिल पाया है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि फुटेज में दिख रहे आरोपियों के हुलिये के आधार पर तलाश जारी है और जल्द ही बैक सवार इन उठाईगिरों को पकड़ लिया जाएगा। वहीं दूसरी ओर, व्यापारिक समुदाय और आम नागरिकों में दिनदहाड़े हुई इस साहसिक चोरी से दहशत का माहौल है। लोग सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाने की मांग कर रहे हैं।
पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि यदि किसी को घटना से संबंधित कोई भी सूचना हो तो तत्काल पुलिस को अवगत कराएं, ताकि बदमाशों को जल्द से जल्द पकड़ा जा सके।
