कोण्डागांव, 27 जून 2025: राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण, नई दिल्ली एवं छत्तीसगढ़ राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, बिलासपुर के निर्देशानुसार 26 जून को नशीली दवाओं के दुरुपयोग और अवैध तस्करी के खिलाफ अंतर्राष्ट्रीय दिवस के अवसर पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कोण्डागांव द्वारा नालसा योजना "डॉन योजना 2025" के तहत विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन शासकीय औद्यानिकी रोपण, कोपाबेड़ा, कोण्डागांव में किया गया।
इस कार्यक्रम का आयोजन प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश/अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कोण्डागांव श्रीमती किरण चतुर्वेदी के मार्गदर्शन में तथा सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सुश्री गायत्री साय के नेतृत्व में संपन्न हुआ।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य नशीली दवाओं के दुष्परिणामों के प्रति जन-जागरूकता फैलाना तथा एक नशामुक्त समाज के लिए लोगों को प्रेरित करना रहा। इस दौरान सचिव सुश्री गायत्री साय ने कहा कि, “नशीली दवाओं का सेवन केवल व्यक्तिगत स्वास्थ्य को ही नहीं, बल्कि पूरे समाज की संरचना को प्रभावित करता है। इससे अपराधों में वृद्धि होती है और सामाजिक ताना-बाना कमजोर पड़ता है।"
शिविर में उपस्थित प्रतिभागियों को ड्रग्स एवं एनडीपीएस एक्ट, इससे संबंधित विधिक प्रावधानों, सजा, जुर्माने तथा इससे बचाव के उपायों की जानकारी दी गई।
इस अवसर पर प्रतिधारक अधिवक्ता सुरेन्द्र भट्ट, शासकीय औद्यानिकी रोपण कोपोबेड़ा के अधीक्षक श्रीमती इन्द्राणी पेगद, अधिकार मित्र रंजन बैध एवं लोकेश यादव सहित अनेक गणमान्य नागरिक एवं प्रतिभागी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम ने समाज को एक सकारात्मक संदेश देने के साथ-साथ विधिक साक्षरता को बढ़ावा देने में भी अहम भूमिका निभाई।
