आश्रम-छात्रावासों को बनाएं बेहतर, बच्चों को मिले खुशनुमा माहौल: मंत्री रामविचार नेताम

कोंडागांव, 01 अगस्त 2025 – छत्तीसगढ़ के आदिम जाति कल्याण, कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री रामविचार नेताम ने गुरुवार को कोंडागांव जिला कार्यालय में बस्तर, नारायणपुर और कोंडागांव जिले के अधिकारियों के साथ विभागीय योजनाओं की प्रगति की समीक्षा बैठक ली। इस दौरान मंत्री ने विशेष रूप से आश्रम-छात्रावासों की व्यवस्था को दुरुस्त करने और बच्चों को बेहतर माहौल उपलब्ध कराने पर जोर दिया।

 

बच्चों को मिले बुनियादी सुविधाएं और संवेदनशील माहौल

 

मंत्री नेताम ने आश्रम-छात्रावासों में बच्चों को साफ-सफाई, शुद्ध पेयजल, बिजली, शौचालय आदि सभी मूलभूत सुविधाएं समय पर और गुणवत्तापूर्ण ढंग से मुहैया कराने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से बच्चों के साथ संवेदनशील व्यवहार करने और उन्हें खुशनुमा माहौल देने को कहा। साथ ही तीन माह के भीतर सभी निर्माणाधीन भवन कार्यों को पूर्ण करने का निर्देश भी दिया।

 

छात्रावासों में मिले स्वच्छ भोजन, शामिल हों मिलेट्स

 

मंत्री नेताम ने छात्रावासों में मौसमी बीमारियों से बचाव, स्वास्थ्य सुविधाएं और भोजन की गुणवत्ता सुनिश्चित करने की बात कही। उन्होंने बच्चों के भोजन में पोषक मिलेट्स को शामिल करने की सलाह दी।

 

जनजातीय योजनाओं की समीक्षा

 

धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष योजना और प्रधानमंत्री जन मन योजना की समीक्षा करते हुए मंत्री ने इन्हें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की महत्त्वाकांक्षी योजनाएं बताया। उन्होंने कहा कि ये योजनाएं जनजातीय समुदायों के जीवन स्तर में व्यापक सुधार लाने वाली हैं, और इनका प्रभावी क्रियान्वयन आपसी समन्वय से सुनिश्चित किया जाए।

 

किसानों को मिले उच्च गुणवत्ता वाले बीज और खाद

 

बैठक में कृषि विभाग के कार्यों की समीक्षा करते हुए मंत्री ने बीज और उर्वरक की समुचित आपूर्ति सुनिश्चित करने, किसानों को प्राकृतिक खेती के लिए प्रेरित करने और मृदा स्वास्थ्य कार्ड योजना पर विशेष ध्यान देने की बात कही। उन्होंने कृषि और उद्यानिकी योजनाओं को सभी किसानों तक पहुँचाने के निर्देश भी दिए।

 

उद्यानिकी में नवाचार और रोजगार पर फोकस

 

मंत्री नेताम ने मसाला फसलों, विशेष रूप से हल्दी के उत्पादन के लिए पायलट प्रोजेक्ट शुरू करने को कहा। साथ ही सामुदायिक वन संसाधन भूमि पर औषधीय फसलें लेने और उन्हें पर्यटन से जोड़ने का सुझाव दिया। उन्होंने विलुप्त हो रही स्थानीय फसलों जैसे खेक्सी को पुनर्जीवित करने की योजना बनाने और ऑयल पॉम की खेती को बढ़ावा देने के प्रयासों की सराहना की।

 

विधायकों और अधिकारियों ने रखे सुझाव

 

बैठक में विधायक सुश्री लता उसेण्डी ने आश्रम-छात्रावास के विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति समय पर देने पर जोर दिया। वहीं विधायक नीलकंठ टेकाम ने सीसीटीवी, सुरक्षा गार्ड और स्वास्थ्य सुविधाएं सुनिश्चित करने की आवश्यकता जताई। कलेक्टर श्रीमती नुपूर राशि पन्ना ने जिले में चल रही कृषि एवं उद्यानिकी गतिविधियों की जानकारी दी।

 

बैठक में आदिवासी विभाग और कृषि विभाग के वरिष्ठ अधिकारी तथा बस्तर, नारायणपुर और कोंडागांव जिलों के अधिकारीगण मौजूद रहे।

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