188 बटालियन सीआरपीएफ द्वारा भव्य शहीद स्मारक का उद्घाटन

कोण्डागांव, 15 अगस्त 2025: स्वतंत्रता दिवस के शुभ अवसर पर 188वीं बटालियन केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) कोण्डागांव द्वारा नक्सलवाद के विरुद्ध अपने प्राणों की आहुति देने वाले वीर जवानों की स्मृति में एक भव्य शहीद स्मारक का उद्घाटन किया गया। इस स्मारक का लोकार्पण 188वीं बटालियन के कमांडेंट भवेश चौधरी द्वारा किया गया। यह स्मारक राष्ट्रीय राजमार्ग-30 पर स्थित शबरी इम्पोरियम के सामने, बटालियन मुख्यालय के बाहर बनाया गया है।

 

अपने संबोधन में कमांडेंट भवेश चौधरी ने कहा कि छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद की चुनौती को स्वीकार करते हुए सीआरपीएफ ने 21वीं सदी के शुरुआती वर्षों में अत्यंत विषम परिस्थितियों में मोर्चा संभाला। उन्होंने बताया कि 1 जनवरी 2003 से 15 अगस्त 2025 तक की अवधि में सीआरपीएफ ने सैकड़ों मुठभेड़ों में बड़ी संख्या में नक्सलियों को मार गिराया और गिरफ्तार किया। हालांकि, इस दौरान 20 अधिकारियों सहित कुल 460 जवानों ने राष्ट्र रक्षा के इस पवित्र यज्ञ में अपना सर्वोच्च बलिदान दिया।

 

यह स्मारक न केवल इन वीर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित करता है, बल्कि आने वाली पीढ़ियों को यह स्मरण कराता रहेगा कि स्वतंत्रता और सुरक्षा की कीमत क्या होती है। कमांडेंट ने यह भी उल्लेख किया कि आज नक्सलवाद अपनी अंतिम साँसें गिन रहा है और भारत सरकार के संकल्प के अनुसार मार्च 2026 तक देश को नक्सलमुक्त करने का लक्ष्य निश्चित रूप से पूरा होगा।

 

यह स्मारक बस्तर क्षेत्र में सीआरपीएफ का पहला शहीद स्मारक है, जो बल के योगदान और बलिदान को स्थायी रूप से अमर करता है। भविष्य में यदि सीआरपीएफ की बटालियनें अन्य क्षेत्रों में तैनात हो जाएँ, तब भी यह स्मारक उनके कार्यों और बलिदानों की गवाही देता रहेगा।

 

इस भव्य कार्यक्रम में द्वितीय कमान अधिकारी अभिज्ञान कुमार, उप कमांडेंट कमल सिंह मीणा, सहायक कमांडेंट ओमप्रकाश विश्नोई, चिकित्सा अधिकारी डॉ. राहुल चन्द्रन आर.पी., सभी अधीनस्थ अधिकारी, जवान तथा बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे। सभी ने शहीदों को पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी।

 

कार्यक्रम के अंत में “अमर शहीद जिंदाबाद” और “भारत माता की जय” के नारों ने समूचे वातावरण को देशभक्ति के रंग में रंग दिया।

Related Post