कोंडागांव, 8 जून 2026 | केशकाल वनमंडल के बड़ेराजपुर वन परिक्षेत्र अंतर्गत ग्राम पंचायत हरवेल के आश्रित ग्राम तराईबेड़ा एवं आसपास के जंगलों में बड़े पैमाने पर पेड़ों की कटाई का मामला सामने आया है। ग्रामीणों का आरोप है कि क्षेत्र में हरे-भरे पेड़ों को खुलेआम काटा जा रहा है, जिससे वन संपदा को भारी नुकसान पहुंच रहा है।
जानकारी के अनुसार जंगलों के भीतर ही नहीं, बल्कि कई स्थानों पर सड़क किनारे भी कटे हुए पेड़ दिखाई दे रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि गर्मी और बरसात के मौसम में मकानों की मरम्मत, खपरैल निर्माण तथा अन्य घरेलू जरूरतों के लिए लकड़ी की मांग बढ़ने के कारण कुछ लोग अवैध रूप से जंगलों से लकड़ी निकाल रहे हैं।
पर्यावरण प्रेमियों ने इस स्थिति पर चिंता जताते हुए कहा है कि यदि समय रहते अवैध कटाई पर रोक नहीं लगाई गई तो क्षेत्र की हरियाली, जैव विविधता और वन्यजीवों पर गंभीर प्रभाव पड़ सकता है। लगातार पेड़ों की कटाई से पर्यावरण संतुलन बिगड़ने और जलवायु परिवर्तन के प्रभाव बढ़ने की आशंका भी व्यक्त की जा रही है।
ग्रामीणों ने वन विभाग से मामले की जांच कर अवैध कटाई में संलिप्त लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने तथा जंगलों की सुरक्षा के लिए प्रभावी निगरानी व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है। अब क्षेत्र में यह सवाल उठ रहा है कि वन विभाग की निगरानी के बावजूद जंगलों में हो रही कटाई पर कब तक रोक लग पाएगी।
