चार दिनों से चल रहे धरना प्रदर्शन का समापन, मंत्री मीणा ने दिया बकाया वेतन का आश्वासन
ढोल-नगाड़ों के साथ समाप्त हुआ आंदोलन
अरनोद नगर पालिका बनने के बाद से सफाईकर्मियों को वेतन नहीं मिलने के कारण पिछले 15 दिनों से जारी हड़ताल आखिरकार मंत्री हेमंत मीणा के ठोस आश्वासन के बाद समाप्त हो गई।
नगर के लोकेश शर्मा ने बताया कि वेतन भुगतान न होने से आक्रोशित सफाईकर्मियों ने अरनोद में सफाई कार्य बंद कर दिया था, जिससे पूरे कस्बे में जगह-जगह कचरे के ढेर लग गए। चारों ओर दुर्गंध फैलने लगी और बीमारियों का खतरा बढ़ गया। हालात बिगड़ने पर आमजन की सहमति से मुख्य बस स्टैंड पर शांतिपूर्ण धरना-प्रदर्शन शुरू किया गया।
चार दिनों तक धरना जारी रहने के बावजूद प्रशासन की अनदेखी से आक्रोश बढ़ा और प्रदर्शनकारियों ने ज्ञापन सौंपकर चेतावनी दी कि यदि दो दिनों में समाधान नहीं निकाला गया तो चक्का जाम और अरनोद बंद किया जाएगा। चेतावनी के बाद सभी हरकत में आये और सफाईकर्मियों से वार्ता कर समस्या का समाधान निकालने का आश्वासन दिया।
प्रशासन व मंत्री मीणा के ठोस आश्वासन के बाद सफाईकर्मियों ने हड़ताल समाप्त कर दी और नगर में पुनः सफाई कार्य शुरू कर दिया। धरना स्थल पर मौजूद आमजन ने नागरिकों के सहयोग के लिए धन्यवाद अर्पित किया और प्रशासन व मंत्री मीणा का आभार व्यक्त करते हुए ढोल-नगाड़ों के साथ आंदोलन समाप्ति की घोषणा की।
