कोंडागांव, 01 अगस्त 2025: बाढ़ में लापता हुए ग्रामीण बोरजी पोयाम का शव 9 दिनों की लगातार खोजबीन के बाद आज नारंगी नदी से बरामद किया गया। शव वनउसरी ग्राम के पास नारंगी नदी के बीचों-बीच एक पत्थर में फंसा हुआ पाया गया।
गौरतलब है कि मथनीबेड़ा निवासी बोरजी पोयाम पिता स्व. पेदा पोयाम, उम्र 45 वर्ष, 24 जुलाई 2025 की शाम करीब 5 बजे बिना किसी को बताए घर से निकले थे, जिसके बाद वे वापस नहीं लौटे। अगले दिन 25 जुलाई को मृतक के भाई मानकु पोयाम ने कोंडागांव थाना में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
पुलिस द्वारा तत्काल गुम इंसान दर्ज कर तलाश शुरू कर दी गई थी। थाना प्रभारी के निर्देश पर नारंगी नदी क्षेत्र में लगातार खोजबीन की जा रही थी। वहीं बाढ़ में बहने की सूचना पर नगरसेना एवं एसडीआरएफ की टीम द्वारा भी नारंगी नदी में लगातार ढूंढने का प्रयास किया जा रहा था पर कामयाबी नहीं मिल पाई थी। इस दौरान पुलिस और आपदा प्रबंधन द्वारा ग्राम सरपंच, कोटवार और ग्रामीणों को भी सूचना देकर सतर्क किया गया था।
आज दिनांक 01 अगस्त 2025 को मृतक के परिजन स्वयं खोजबीन करते हुए सुकुरपाल-अड़गपाल के पास नारंगी नदी पहुँचे, जहाँ उन्हें नदी के बीचो-बीच एक शव दिखाई दिया। पास जाकर देखने पर उन्होंने शव की पहचान बोरजी पोयाम के रूप में की और तुरंत थाना कोंडागांव को सूचित किया।
सूचना मिलते ही सउनि प्रभुराम डहरिया को घटनास्थल के लिए रवाना किया गया। मौके पर पहुंचकर पुलिस ने मृतक के परिजनों की मदद से शव को नदी से बाहर निकाला और पैदल मार्ग से नेशनल हाईवे होते हुए अड़गपाल-सुकुरपाल के पास पहुंचाया गया। वहाँ से शव वाहन मंगाकर शव को जिला मुख्यालय कोंडागांव के मरचुरी भेजा गया, जहाँ उसे सुरक्षित रखा गया है।
फिलहाल पोस्टमार्टम की कार्रवाई कल दिनांक 02 अगस्त 2025, शनिवार को की जाएगी।
इस घटना से क्षेत्र में शोक की लहर फैल गई है। पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है कि मृतक की मृत्यु नदी में डूबने से हुई या इसके पीछे और अन्य कारण है।
