दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे ने यात्रियों को सुरक्षित, सुगम और समयबद्ध रेल सेवाएँ प्रदान करने के उद्देश्य से किरोड़ीमल नगर स्टेशन को चौथी रेल लाइन से जोड़ने का कार्य सफलता पूर्वक पूरा कर लिया है। इस दौरान रेल प्रशासन ने इस खंड के अन्य स्टेशनों पर कई महत्वपूर्ण संरक्षा कार्य भी संपन्न किए।
यार्ड रिमाडलिंग और चौथी लाइन कनेक्टिविटी का यह कार्य झारसुगुड़ा सेक्शन के शैडो नॉन इंटरलॉकिंग कार्य के रूप में किया गया, जिससे अतिरिक्त गाड़ियों को प्रभावित किए बिना सभी कार्य समयबद्ध तरीके से पूर्ण हो सके। 350 से अधिक श्रमिक, 30 इंजीनियर, 18 स्टेशन मास्टर और 4 मुख्य यातायात निरीक्षक भारी बारिश और उमस भरे मौसम में भी दिन–रात जुटे रहे।
कार्यक्रम के मुख्य संरक्षा सुधार कार्य–
1. 10 पुराने टर्नआउट हटाकर 10 नए टर्नआउट लगाए।
2. लगभग 2500 मीटर रेल नवीनीकरण।
3. 14 TWS स्विच स्थापित।
4. फोर्स्ड ले-आउट में सुधार।
5. सामान्य क्रॉसिंग को वेल्डेबल क्रॉसिंग में बदलना।
6. 05 गैपलेस क्रॉसिंग में सुधार।
7. सामान्य SEJ की जगह 05 नए थिक वेब SEJ लगाए।
8. 148 AT वेल्ड्स किए।
9. 51 ग्लू जॉइंट्स नवीनीकरण।
10. 100 स्टील चैनल स्लीपर हटाकर H-BEAM स्लीपर लगाया।
11. 03 टर्नआउट्स का टैम्पिंग कार्य।
इन सुधारों से यार्ड की क्षमता, ट्रैक की मजबूती और स्थायित्व में उल्लेखनीय वृद्धि होगी। भविष्य में परिचालन और अधिक निर्बाध, संरक्षित एवं समयबद्ध रहेगा। इससे यात्रियों को बेहतर सुविधा और माल परिवहन की गति में वृद्धि होगी, जिससे क्षेत्रीय व्यापार, उद्योग और सामाजिक–आर्थिक गतिविधियों को नई ऊर्जा प्राप्त होगी।
