छुरिया। ग्राम गैंदाटोला में खसरा क्रमांक 419 में शराब दुकान के निर्माण को लेकर समाजसेवी अनिस सोनी ने तीखा बयान देते हुए कहा कि पूर्व में खसरा क्रमांक 420 में शराब दुकान को लेकर ग्रामीणों का विरोध हो चुका है। उस विवाद के बाद अब खसरा क्रमांक 419 में फिर शराब दुकान का निर्माण किया जाना गंभीर सवाल खड़े करता है।
अनिस सोनी ने कहा कि शराब दुकान जैसे संवेदनशील विषय पर ग्रामीणों को विश्वास में लेना और पूरी प्रक्रिया पारदर्शी रखना जरूरी है। ग्रामीणों को यह जानकारी मिलनी चाहिए कि निर्माण के लिए संबंधित विभाग से लिखित आदेश मिला है या नहीं, ग्राम पंचायत की एनओसी है या नहीं और ग्रामसभा में इस विषय पर कोई प्रस्ताव पारित हुआ है या नहीं।
उन्होंने कहा, “अगर निर्माण के लिए सभी जरूरी अनुमति और विभागीय आदेश मौजूद हैं तो उन्हें सार्वजनिक करने में किसी को परेशानी नहीं होनी चाहिए। जनता को अंधेरे में रखकर कोई भी काम नहीं होना चाहिए।”
अनिस सोनी ने कहा कि पूर्व में ग्रामीणों द्वारा ग्राम विकास समिति के आय-व्यय और गांव के पैसों के खर्च का हिसाब भी मांगा गया था। ऐसे में शराब दुकान के निर्माण से जुड़े दस्तावेजों और समिति से संबंधित वित्तीय जानकारी में पारदर्शिता रखना और भी जरूरी हो जाता है।
उन्होंने प्रशासन से मांग की कि खसरा क्रमांक 419 में चल रहे निर्माण की तत्काल जांच कराई जाए। संबंधित विभागीय आदेश, स्वीकृति, ग्राम पंचायत की एनओसी, ग्रामसभा प्रस्ताव और अन्य आवश्यक दस्तावेजों की जांच कर वास्तविक स्थिति ग्रामीणों के सामने रखी जाए।
उन्होंने कहा, “हम किसी व्यक्ति या संस्था के विरोध में नहीं हैं। हमारा सवाल सिर्फ जनहित और पारदर्शिता का है।खसरा 420 में जो विवाद हुआ, उसे देखते हुए खसरा 419 में भी बिना ग्रामीणों को विश्वास में लिए निर्माण किया गया तो आने वाले समय में फिर विवाद की स्थिति बन सकती है। प्रशासन को समय रहते स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए।”
अनिस सोनी ने कहा कि जांच पूरी होने तक निर्माण कार्य पर रोक लगाने और सभी दस्तावेजों की जांच करने की जरूरत है, ताकि गांव में शांति बनी रहे और किसी भी पक्ष को शिकायत का अवसर न मिले।
