गंगरेल बांध के सभी 14 गेट खुले, सक्ती में प्रशासन अलर्ट

 

Anp News Live Sakti गंगरेल बांध के सभी 14 गेट खोले जाने और लगातार हो रही बारिश को देखते हुए सक्ती जिला प्रशासन सतर्क हो गया है। कलेक्टर श्रीमती जयश्री जैन ने राजस्व एवं आपदा प्रबंधन सहित सभी संबंधित विभागों के अधिकारियों को अलर्ट मोड में रहने और संभावित परिस्थितियों से निपटने के लिए आवश्यक तैयारियां रखने के निर्देश दिए हैं।

कलेक्टर ने जिले के घाटों, पुल-पुलियों और नदी किनारे के क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के साथ जलस्तर पर लगातार निगरानी रखने को कहा है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि किसी भी स्थिति में जनहानि और संपत्ति के नुकसान को रोकने के लिए समय रहते आवश्यक कदम उठाए जाएं।

पुल-पुलियों पर निगरानी, जरूरत पड़ने पर रोका जाएगा आवागमन

कलेक्टर ने सभी एसडीएम, तहसीलदार, जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों, नगरीय निकायों के मुख्य नगर पालिका अधिकारियों और अन्य संबंधित अधिकारियों को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं। राजस्व, पुलिस, जल संसाधन और नगर सेना सहित संबंधित विभागों को नदियों, घाटों, बैराज तथा तटीय क्षेत्रों की स्थिति पर लगातार नजर रखने और राहत-बचाव के उपकरण तैयार रखने को कहा गया है।

निर्देशों के अनुसार, यदि किसी पुल पर पानी का बहाव आवागमन के लिए खतरनाक हो जाता है, तो तत्काल यातायात नियंत्रित किया जाएगा। आवश्यकता पड़ने पर संबंधित मार्ग पर आवागमन बंद करने और ऐसे स्थानों पर लगातार निगरानी रखने के निर्देश भी दिए गए हैं।

जलभराव वाले क्षेत्रों में विशेष सतर्कता के निर्देश

कलेक्टर ने जलभराव की आशंका वाले आबादी क्षेत्रों में विशेष सावधानी बरतने को कहा है। ग्रामीण क्षेत्रों में मुनादी के माध्यम से लोगों को सुरक्षा संबंधी जानकारी देने और आवश्यक सावधानियों के प्रति जागरूक करने के निर्देश दिए गए हैं।

जिला प्रशासन द्वारा स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। कलेक्टर संबंधित अधिकारियों से नियमित फीडबैक ले रही हैं और जरूरत पड़ने पर तत्काल राहत एवं बचाव कार्य शुरू करने के लिए तैयार रहने को कहा है।

नदी और तेज बहाव वाले क्षेत्रों में जाने से बचें

जिला प्रशासन ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे नदी, पुल-पुलियों, घाटों और तेज बहाव वाले पानी के आसपास अनावश्यक रूप से न जाएं। पानी के तेज बहाव के बीच सेल्फी लेने या वीडियो बनाने का जोखिम न उठाएं तथा प्रशासन द्वारा जारी सुरक्षा निर्देशों का पालन करें।

किसी भी आपात स्थिति या दुर्घटना की आशंका होने पर तत्काल जिला प्रशासन अथवा संबंधित अधिकारियों को सूचना दें, ताकि समय पर आवश्यक सहायता उपलब्ध कराई जा सके।

प्रशासन के अनुसार, फिलहाल जिले में स्थिति सामान्य है। एहतियात के तौर पर तटीय क्षेत्रों, पुल-पुलियों और जलस्तर की लगातार निगरानी की जा रही है।

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