जांजगीर-चांपा जिला पंचायत सभाकक्ष में मंगलवार को स्वच्छता स्थायी समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले में संचालित स्वच्छता गतिविधियों की विस्तृत समीक्षा करते हुए ठोस अपशिष्ट प्रबंधन (एसडब्ल्यूएम) नियम-2026 के प्रभावी एवं अनिवार्य पालन करने कहा गया। बैठक की अध्यक्षता करते हुए स्वच्छता स्थायी समिति की सभापति प्रमिला अजय साहू ने कहा कि स्वच्छ एवं स्वस्थ जिले के निर्माण के लिए कचरे का स्रोत स्तर पर ही पृथक्करण और निपटान सुनिश्चित करना आवश्यक है। उन्होंने घरों से निकलने वाले चार प्रकार के कचरे के पृथक्करण एवं वैज्ञानिक निपटान के लिए व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाने के निर्देश दिए।
बैठक में सरपंचों, सचिवों, स्वच्छाग्रही दीदियों तथा जनप्रतिनिधियों को एसडब्ल्यूएम नियम-2026 एवं स्वच्छता प्रबंधन से संबंधित प्रशिक्षण प्रदान करने कहा गया, ताकि ग्राम स्तर पर नियमों का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जा सके। इसके साथ ही वित्तीय वर्ष 2026-27 में स्वीकृत स्वच्छता संबंधी कार्यों को शीघ्र प्रारंभ कर समय-सीमा में पूर्ण कराने के निर्देश दिए गए। बैठक में स्वच्छता से जुड़े विभिन्न कार्यों की प्रगति की समीक्षा करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान किए गए। बैठक में समिति सदस्य श्रीमती प्रियंका पुष्पेंद्र सिंह, जिला पंचायत मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री गोकुल रावटे सहित संबंधित अधिकारी एवं स्वच्छ भारत मिशन के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।
