कोरबा। शहर की महिलाओं को भागदौड़ भरी जिंदगी से कुछ पल निकालकर अपने बचपन की खुशियों को फिर से जीने का अवसर देने के उद्देश्य से “बचपन की टिकट” कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। यह पहल सखी-सहेली समूह द्वारा की गई है, जो महिलाओं के लिए एक अनोखा और यादगार अनुभव साबित होगा।
प्रेस वार्ता में दी गई जानकारी
इस कार्यक्रम को लेकर होटल गणेश इन में आयोजित प्रेस वार्ता में भाजपा की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सरोज पांडेय, जिलाध्यक्ष गोपाल मोदी, महापौर संजू देवी राजपूत सहित कई जनप्रतिनिधि और पदाधिकारी मौजूद रहे।
12 अप्रैल को होगा आयोजन
प्रेस वार्ता में बताया गया कि यह कार्यक्रम 12 अप्रैल को शाम 4 बजे से 8 बजे तक अशोक वाटिका, कोरबा में आयोजित किया जाएगा। इसमें महिलाएं बचपन के खेल, मस्ती और पुरानी यादों को दोबारा जी सकेंगी।
महिलाओं को मिलेगा खुद के लिए समय
सरोज पांडेय ने कहा कि आज की व्यस्त और तनावपूर्ण जिंदगी में महिलाएं अपने लिए समय नहीं निकाल पातीं। ऐसे में “बचपन की टिकट” एक ऐसा मंच है, जहां वे अपने बचपन के पलों को फिर से महसूस कर सकेंगी और मानसिक रूप से तरोताजा होंगी।
निशुल्क और सामाजिक आयोजन
आयोजकों ने स्पष्ट किया कि यह कार्यक्रम पूरी तरह निशुल्क और गैर-राजनीतिक रहेगा। इसमें विभिन्न खेलों का आयोजन किया जाएगा, साथ ही प्रतिभागियों के लिए आकर्षक और सांत्वना पुरस्कार भी रखे गए हैं।
पहले भी मिल चुकी है सफलता
बताया गया कि इस तरह का आयोजन पहले दुर्ग में किया जा चुका है, जहां करीब 5000 महिलाओं ने भाग लिया था। इसी सफलता को देखते हुए अब कोरबा में भी इसे आयोजित किया जा रहा है।
बचपन की टिकट” सिर्फ एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि महिलाओं के लिए खुद से जुड़ने और खुशियों को फिर से जीने का खास अवसर बनने जा रहा है।
