श्री सप्तदेव मंदिर में अमावस्या पर गूंजा संगीतमय मंगलपाठ

फाल्गुन माह की अमावस्या के पावन अवसर पर श्री सप्तदेव मंदिर में माँ राणी सती दादी का भव्य एवं संगीतमय मंगलपाठ श्रद्धा और भक्ति के साथ संपन्न हुआ। प्रत्येक माह की अमावस्या को आयोजित होने वाली इस धार्मिक परंपरा के तहत 17 फरवरी 2026, मंगलवार को दोपहर 3:30 बजे से सायं 5:00 बजे तक मंदिर परिसर भक्तिरस से सराबोर रहा।

मंगलपाठ का वाचन लीना अग्रवाल एवं मनीषा मोदी द्वारा किया गया। उपस्थित मंगलपाठी बहनों ने नथ, चूड़ा और चुनरी जैसे पारंपरिक परिधानों में एक स्वर और एक लय में मंगलपाठ प्रस्तुत कर संपूर्ण वातावरण को आध्यात्मिक ऊर्जा से भर दिया। भजनों और स्तुतियों की मधुर ध्वनि से मंदिर परिसर भक्तिमय हो उठा।

मंगलपाठ के समापन पर विधिवत आरती की गई तथा प्रसाद वितरण किया गया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।

मंदिर की प्रमुख ट्रस्टी प्रेमा अग्रवाल ने आगामी कार्यक्रमों की जानकारी देते हुए बताया कि 19 मार्च को हिंदू नववर्ष के उपलक्ष्य में निकाली जाने वाली शोभायात्रा का श्री सप्तदेव मंदिर में भव्य स्वागत किया जाएगा। इस अवसर पर श्रद्धालुओं के लिए शरबत, मट्ठा एवं खिचड़ी वितरण की व्यवस्था की जाएगी। उन्होंने श्रद्धालुओं से श्रमदान कर पुण्य लाभ अर्जित करने का आग्रह भी किया।

उन्होंने आगे बताया कि 2 मार्च को रात्रि 12 बजे होलिका दहन का मुहूर्त है तथा 3 मार्च को प्रातः 9 बजे से सायं 6 बजे तक सूतक रहेगा, तत्पश्चात 7 बजे तक ग्रहण की अवधि रहेगी। इसके अतिरिक्त श्री सप्तदेव मंदिर महिला मंडल द्वारा 6 मार्च को मंदिर परिसर में होली मिलन समारोह आयोजित किया जाएगा, जिसमें सभी भक्त महिलाओं को सादर आमंत्रित किया गया है।

कार्यक्रम के समापन पर मंदिर के प्रमुख ट्रस्टी अशोक मोदी ने सभी मंगलपाठी बहनों एवं उपस्थित श्रद्धालुओं के प्रति आभार व्यक्त किया।

फाल्गुन अमावस्या पर आयोजित इस संगीतमय मंगलपाठ ने न केवल धार्मिक आस्था को सुदृढ़ किया, बल्कि समाज में एकता, श्रद्धा और संस्कारों की भावना को भी सशक्त किया।

Related Post