केंद्रीय बजट 2026–27 को छत्तीसगढ़ के औद्योगिक, कृषि और ग्रामीण विकास के लिए मील का पत्थर बताते हुए वाणिज्य, उद्योग, सार्वजनिक उपक्रम एवं श्रम मंत्री श्री लखनलाल देवांगन ने कहा कि यह बजट राज्य को आत्मनिर्भरता की दिशा में नई गति देगा। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार की नीतियों के अनुरूप प्रस्तुत यह बजट रोजगार सृजन, उद्यमिता और समावेशी विकास को मजबूत आधार प्रदान करता है।
MSME और मैन्युफैक्चरिंग को मिलेगा संबल
मंत्री श्री देवांगन ने बताया कि औद्योगिक क्लस्टरों के पुनर्जीवन के लिए 2 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान राज्य के सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योगों (MSME) को नई ताकत देगा। इससे स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और उद्यमिता को प्रोत्साहन मिलेगा।
इसके साथ ही MSME और बायोफार्मा सेक्टर के लिए 10 हजार करोड़ रुपये तथा सेमीकंडक्टर उद्योग के लिए 40 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान छत्तीसगढ़ में निवेश को आकर्षित करेगा।
औद्योगिक कॉरिडोर और पार्क से बढ़ेगा निवेश
उन्होंने कहा कि माइनिंग आधारित औद्योगिक कॉरिडोर, टेक्सटाइल और केमिकल पार्क की स्थापना से मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर को मजबूती मिलेगी। बैंकिंग सुधार, ऋण गारंटी और कर प्रक्रियाओं के सरलीकरण से उद्यमियों और स्टार्टअप्स को पूंजी तक आसान पहुंच मिलेगी।
डिजिटल और AI सेक्टर को नई उड़ान
बजट में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर और कंटेंट इकोनॉमी पर विशेष जोर दिया गया है। एनीमेशन, वीएफएक्स, गेमिंग और कॉमिक्स (AVGC) के लिए कंटेंट क्रिएटर लैब की स्थापना से युवाओं को नए रोजगार और स्वरोजगार के अवसर मिलेंगे। बेहतर डिजिटल नेटवर्क के लिए 12.2 लाख करोड़ रुपये का प्रावधान औद्योगिक गतिविधियों को गति देगा।
कृषि और ग्रामीण अर्थव्यवस्था होगी मजबूत
मंत्री ने कहा कि यह बजट कृषि, पशुपालन और मत्स्य पालन आधारित अर्थव्यवस्था को सशक्त करेगा। छोटे किसानों की उद्यमशीलता, पशुधन विकास में निजी भागीदारी और 500 अमृत जलाशयों के निर्माण से ग्रामीण क्षेत्रों में आय के नए स्रोत विकसित होंगे।
सभी वर्गों का रखा गया ध्यान : प्रेमचंद पटेल
कटघोरा विधायक श्री प्रेमचंद पटेल ने बजट को जनहितैषी बताते हुए कहा कि 53.5 लाख करोड़ रुपये का यह बजट ‘विकसित भारत 2047’ की परिकल्पना को साकार करने वाला है। महिलाओं, युवाओं और किसानों के लिए किए गए प्रावधानों से समाज के हर वर्ग को लाभ मिलेगा।
जनकल्याणकारी बजट पर सकारात्मक प्रतिक्रिया
बजट को लेकर स्वास्थ्य कर्मियों, युवाओं और महिला समूहों ने संतोष जताया है। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के RHO शिव राठौर ने कहा कि दवाओं की कीमत कम होने से आमजन को राहत मिलेगी। वहीं आकांक्षी ब्लॉक फेलो विनय कुर्रे ने इसे समावेशी विकास की दिशा में अहम कदम बताया। महिला समूह से जुड़ी ऋतु कर्ष ने कहा कि स्व-सहायता समूहों और गर्ल्स हॉस्टल के प्रस्ताव से महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने में मदद मिलेगी।
