भारत एल्यूमिनियम कंपनी लिमिटेड (बालको), वेदांता लिमिटेड समूह की कंपनी ने विश्व जल दिवस 2026 के अवसर पर ‘मोर जल मोर माटी’ परियोजना के तहत सामुदायिक जल संचय अभियान की शुरुआत की। इस कार्यक्रम में 150 से अधिक कर्मचारियों और स्थानीय ग्रामीणों ने भाग लिया।
जल संरक्षण के लिए बड़े स्तर पर काम
इस अभियान के तहत पारंपरिक जल स्रोतों को पुनर्जीवित करने और जल संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने पर जोर दिया गया। बालको द्वारा अब तक 40 से अधिक गांवों में जल संरक्षण के लिए महत्वपूर्ण कार्य किए जा चुके हैं।
158 जल संरचनाओं का निर्माण
परियोजना के तहत कुल 158 जल संरचनाएं विकसित की गई हैं, जिनमें:
129 खेत तालाब
15 सामुदायिक तालाब
12 चेक डैम
2 लाइनिंग तालाब शामिल हैं
इनकी कुल जल संग्रहण क्षमता 2.30 लाख घन मीटर से अधिक है।
2025-26 में नई उपलब्धियां
वित्त वर्ष 2025-26 में 22 नई जल संरचनाएं बनाई गई हैं, जिनमें 21 खेत तालाब और 1 सामुदायिक तालाब शामिल हैं। इनकी कुल क्षमता लगभग 22 हजार घन मीटर है, जिससे क्षेत्र में जल उपलब्धता बढ़ी है।
कंपनी का विजन और संदेश
बालको के मुख्य कार्यकारी अधिकारी एवं निदेशक राजेश कुमार ने कहा कि जल संरक्षण सतत विकास के लिए बेहद जरूरी है। ‘मोर जल मोर माटी’ के माध्यम से कंपनी जल संसाधनों को बचाने और समाज को मजबूत बनाने का काम कर रही है।
किसानों को मिला सीधा लाभ
इस पहल से किसानों को सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी मिलने लगा है। अब वे केवल बारिश पर निर्भर नहीं हैं और साल में कई फसलें उगा पा रहे हैं, जिससे उनकी आय में वृद्धि हुई है।
महिलाओं और ग्रामीणों की बदली जिंदगी
कोरबा के पास भाटगांव की किसान संध्या बाई ने बताया कि तालाब बनने से अब वे मछली पालन और सब्जी खेती कर पा रही हैं, जिससे उनके परिवार की आर्थिक स्थिति में सुधार हुआ है।
मछली पालन से बढ़ी आय
इस परियोजना के तहत 80 किसानों ने मछली पालन को अतिरिक्त आय का जरिया बनाया है। उन्हें हर फसल चक्र में औसतन ₹20 हजार की कमाई हो रही है।
पर्यावरण और भूजल स्तर में सुधार
जल संरचनाओं के निर्माण से क्षेत्र में भूजल स्तर बढ़ा है और पानी की उपलब्धता लंबे समय तक बनी रहती है। इससे पर्यावरण संतुलन भी बेहतर हुआ है।
सतत विकास की ओर मजबूत कदम
बालको का यह अभियान न केवल जल संरक्षण बल्कि स्थानीय समुदाय के साथ विश्वास और सहभागिता को भी मजबूत करता है, जो भविष्य में सतत विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
