कोंडागांव, 16 जनवरी 2025 | अण्डर ट्रायल रिव्यू कमेटी एवं मॉनिटरिंग सेल की बैठक शुक्रवार को कोण्डागांव में सम्पन्न हुई। बैठक की अध्यक्षता प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश/अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कोण्डागांव श्रीमती किरण चतुर्वेदी ने की। बैठक उनके विश्राम कक्ष में आयोजित की गई, जिसमें कलेक्टर श्रीमती नुपूर राशि पन्ना, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट श्रीमती रेशमा बैरागी पटेल, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सचिव गायत्री साय एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कौशलेंद्र देव पटेल उपस्थित रहे।

बैठक में अण्डर ट्रायल रिव्यू कमेटी के अंतर्गत लंबे समय से न्यायिक हिरासत में बंद विचाराधीन बंदियों के मामलों की समीक्षा की गई। ऐसे प्रकरणों पर विशेष चर्चा हुई, जहाँ जमानत की संभावना है। इसके साथ ही सजायाफ्ता बंदियों की वर्तमान स्थिति पर भी विचार-विमर्श किया गया।
वहीं मॉनिटरिंग सेल की बैठक में न्यायिक अधिकारियों एवं कर्मचारियों के आवासों की जर्जर स्थिति, आवश्यक मरम्मत कार्य, निर्माणाधीन न्यायिक अधिकारी आवास, कर्मचारियों के आवास हेतु आबंटित भूमि तथा नवीन जिला न्यायालय भवन निर्माण से जुड़ी भूमि संबंधी समस्याओं पर चर्चा की गई। विशेष रूप से मंडी प्रांगण में स्थित रिक्त शासकीय भूमि को शीघ्र आबंटित किए जाने तथा पीड़िताओं एवं बच्चों के लिए वातानुकूलित, सुसज्जित प्रतीक्षालय एवं शौचालय युक्त कक्ष निर्माण की आवश्यकता पर जोर दिया गया।
स्थल निरीक्षण बना बैठक का अहम बिंदु

बैठक के पश्चात् मंडी प्रांगण में स्थित रिक्त शासकीय भूमि का मौके पर संयुक्त स्थल निरीक्षण किया गया। इस निरीक्षण में जिले के समस्त न्यायिक अधिकारीगण, जिला प्रशासन एवं पुलिस विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे। निरीक्षण के दौरान भूमि की स्थिति, पहुंच मार्ग, सुरक्षा व्यवस्था, आवश्यक अधोसंरचना तथा विधिक पहलुओं का गहन परीक्षण किया गया।

सभी विभागों ने समन्वय के साथ तथ्यों का अवलोकन किया और यह सुनिश्चित किया गया कि नवीन जिला एवं सत्र न्यायालय की स्थापना हेतु सभी आवश्यक मानकों एवं नियमों का पूर्णतः पालन किया जाएगा। स्थल निरीक्षण को प्रशासनिक निर्णय प्रक्रिया का महत्वपूर्ण आधार मानते हुए इसे न्यायिक अधोसंरचना के सुदृढ़ीकरण की दिशा में एक अहम कदम बताया गया।
